
पंजाब में 14 दिसंबर को होने वाले जिला परिषद और ब्लॉक समिति चुनाव से पहले आम आदमी पार्टी को बड़ी बढ़त मिली है। राज्य चुनाव आयोग की तरफ से जारी आंकड़ों के मुताबिक, 195 उम्मीदवार बिना विरोध के जीत गए हैं, जिनमें से सिर्फ एक उम्मीदवार AAP से बाहर का है। इससे ग्रामीण चुनाव की शुरुआत में ही राजनीतिक माहौल गरमा गया है।
राज्य की 357 जिला परिषद और 2863 ब्लॉक समिति सीटों में से अब तक 15 जिला परिषद और 181 ब्लॉक समिति उम्मीदवार बिना विरोध के जीत चुके हैं। चुनाव प्रक्रिया के बाद भी करीब 9500 उम्मीदवार मैदान में हैं। विपक्षी पार्टियों ने आरोप लगाया है कि कई जगहों पर उनके उम्मीदवारों को नॉमिनेशन फाइल करने तक नहीं दिया गया।
आंकड़ों के मुताबिक, तरनतारन में 12 और अमृतसर में 3 जिला परिषद उम्मीदवार पहले ही बिना विरोध के चुने जा चुके हैं। ब्लॉक समिति लेवल पर AAP के 180 उम्मीदवार हैं, जिनमें से 98 तरनतारन से और 63 अमृतसर से हैं। होशियारपुर के चब्बेवाल से 13 उम्मीदवार जीते हैं। नवांशहर से एक इंडिपेंडेंट उम्मीदवार भी बिना किसी विरोध के जीता है।
विधानसभा चुनाव में अभी करीब 14 महीने बाकी हैं। ऐसे में AAP ने इन चुनावों को प्रतिष्ठा का सवाल बना लिया है। पार्टी ने सभी MLA और चुनाव क्षेत्र के इंचार्ज को निर्देश दिया है कि उनकी आगे की राजनीतिक स्थिति इन चुनावों में उनके प्रदर्शन पर निर्भर करेगी।



