
अमृतसर ग्रामीण पुलिस ने एक प्रवासी भारतीय की हत्या का मामला सुलझा लिया है। इटली निवासी मलकीत सिंह की हत्या के मामले में पुलिस ने दो आरोपियों बिक्रमजीत सिंह उर्फ बिक्रम और करण को गिरफ्तार किया है। यह हत्या छह दिन पहले अमृतसर के राजासांसी में फिरौती के लिए की गई थी।
पुलिस जाँच में पता चला है कि गिरफ्तार आरोपी बिक्रमजीत सिंह एक अलगाववादी संगठन से जुड़ा है। उसके खिलाफ विस्फोटक अधिनियम, हत्या के प्रयास और शस्त्र अधिनियम के तहत पहले से ही कई मामले दर्ज हैं। बिक्रमजीत वही व्यक्ति है जो 2018 में राजासांसी में एक धार्मिक स्थल पर हुए ग्रेनेड हमले में शामिल था, जिसमें कई लोग घायल हुए थे और तीन लोग मारे गए थे।
प्रारंभिक जाँच में पता चला है कि बिक्रमजीत ने अपने विदेशी आकाओं के निर्देश पर पाकिस्तान से अवैध हथियारों की एक खेप मँगवाई थी, जिसका इस्तेमाल पंजाब में सनसनीखेज हमलों को अंजाम देने के लिए किया जाना था। पुलिस का कहना है कि आरोपी किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की तैयारी में थे और आरोपियों से पूछताछ जारी है।
आरोपियों के पास से एक PX5 विदेशी निर्मित .30 बोर पिस्तौल, एक .30 बोर पिस्तौल, एक .45 बोर विदेशी निर्मित पिस्तौल, एक .32 बोर पिस्तौल, एक रिवॉल्वर और कई ज़िंदा कारतूस बरामद किए गए हैं। पुलिस का कहना है कि हथियारों की आपूर्ति श्रृंखला और नेटवर्क के आगे-पीछे के लिंक, जिनमें विदेशी संपर्क भी शामिल हैं, का पूरी तरह से पर्दाफाश करने के लिए गहन जाँच की जा रही है।



