
अमेरिका में केटामाइन क्वीन के नाम से मशहूर पंजाबी मूल की महिला जसवीन संघा को 15 साल जेल की सज़ा सुनाई गई है। लॉस एंजिल्स फेडरल कोर्ट की जज शेरिलिन पीस गार्नेट ने 8 अप्रैल को सज़ा सुनाते हुए कहा कि संघा हाई-प्रोफाइल क्लाइंट्स को ड्रग्स सप्लाई करके लग्ज़री लाइफ जीती थी।
फ्रेंड्स सीरीज़ के एक्टर मैथ्यू पेरी की मौत ड्रग्स की लत से हुई थी। उनकी मौत में जसवीन का भी हाथ था। जसवीन ने खुद माना था कि उसने पेरी को केटामाइन बेचा था। संघा के परिवार का कनेक्शन जालंधर के पास फिल्लौर से है। जसवीन संघा का जन्म 22 जुलाई, 2013 को लंदन में हुआ था। मां नीलम सिंह और पिता बलजीत सिंह इंडस्ट्रियलिस्ट थे। दादा-दादी ईस्ट लंदन में फैशन रिटेल बिज़नेस चलाते हैं और रॉयल फैमिली से हैं। बाद में परिवार कैलाबास, कैलिफ़ोर्निया चला गया, जहाँ जसवीन ने अपना बचपन बिताया। वह US-UK की डुअल सिटिज़न हैं।
हॉलीवुड सेलिब्रिटीज़ उसके क्लाइंट थे। सोशल मीडिया पर वह खुद को आर्ट क्यूरेटर और लग्ज़री लाइफस्टाइल वाली महिला के तौर पर दिखाती थी। उसके कलेक्शन में महंगे पर्स और बैग थे। उसे विदेश में छुट्टियां बिताने का शौक था। 2019 में, उसने कोडी मैकलॉरी नाम के एक आदमी को केटामाइन बेचा, जिसकी ओवरडोज़ से मौत हो गई। इसी तरह, उसने पेरी को 10 लाख रुपये में केटामाइन बेचा। अगस्त 2024 में जसविन को फिर से गिरफ्तार किया गया। इससे पहले, उसे मार्च 2024 में एक ड्रग केस में गिरफ्तार किया गया था। सितंबर 2025 में, उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। 8 अप्रैल को, कोर्ट ने उसे ड्रग ट्रैफिकिंग और पेरी की मौत का दोषी पाया और 15 साल जेल की सज़ा सुनाई।



