
आम आदमी पार्टी ने वोट चोरी के खिलाफ मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर जंतर मंतर पर जमकर विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान भाजपा की दिल्ली पुलिस ने ‘‘आप’’ के वरिष्ठ नेताओं से लेकर आम कार्यकर्ताओं पर जमकर अपनी बर्बारता दिखाई। पुलिस ने राज्यसभा सांसद संजय सिंह, दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज, विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष आतिशी, विधायक संजीव झा, जरनैल सिंह व कुलदीप कुमार के साथ वरिष्ठ नेता अनुराग ढांडा समेत बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं को हिरासत में ले लिया। उधर, ‘‘आप’’ के छात्र विंग एसैप ने भी जंतर मंतर पर पहुंच कर ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा मांगा। पार्टी का कहना है कि क्या अब इस देश में शांतिपूर्ण प्रदर्शन भी अपराध हो गया है?
“आप” के वरिष्ठ नेता और दिल्ली के पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने एक्स पर कहा कि प्रदर्शन ज्ञानेश कुमार के खिलाफ हो रहा है और प्रदर्शन को कुचलने में अमित शाह लगे हुए हैं। आज दिल्ली पुलिस ज्ञानेश कुमार का इस्तीफ़ा मांगने वाली हर आवाज़ को कुचलने में लगी है।
उधर, “आप” के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने कहा कि विरोध प्रदर्शन करना हमारा संवैधानिक अधिकार है। पुलिस और सरकार कह रही है कि प्रदर्शन की अनुमति नहीं दी गई, लेकिन सरकार भला अपने ही खिलाफ प्रदर्शन की अनुमति क्यों देगी? जंतर-मंतर प्रदर्शन के लिए एक निर्धारित स्थल है जहां किसी अलग अनुमति की जरूरत नहीं होती, फिर भी आम आदमी पार्टी ने करीब छह दिन पहले औपचारिक रूप से पुलिस को इसकी सूचना और आवेदन दे दिया था। अब पुलिस उस पर कोई निर्णय न लेकर बैठी रहे तो यह उसकी मर्जी है। देश के अलग-अलग शहरों में आज यह शांतिपूर्ण प्रदर्शन होगा और इसकी गूंज पूरे देश में जाएगी।
सौरभ भारद्वाज ने बताया कि मेरे घर के बाहर करीब 10-15 पुलिसकर्मियों के साथ एसएचओ बैठे हुए हैं। मैंने उन्हें संदेश भिजवाया और सुबह वीडियो बनाकर भी भेजा कि मैं घर पर मौजूद नहीं हूं, इसलिए वे अपना काम करें, लेकिन वे फिर भी वहां डटे रहे। सांसद संजय सिंह के घर के बाहर सीआरपीएफ और पुलिस का पहरा लगा रखा है और बाकी नेताओं के घरों के बाहर भी पुलिस तैनात कर दी गई है। मगर यह आंदोलन नेताओं का नहीं, बल्कि आम जनता का आंदोलन है। यदि नेता पुलिस द्वारा हिरासत में या गिरफ्तार भी कर लिए जाएं, तो भी जनता को अपनी उपस्थिति दर्ज कराने यहां पहुंचना होगा। इस आंदोलन का कोई एक नेता नहीं है, बल्कि हर लड़का, हर लड़की, हर जेन-जी युवा, हर बुजुर्ग और हर मां इस आंदोलन का नेता है।
वहीं, आम आदमी पार्टी की वरिष्ठ नेता और दिल्ली विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष आतिशी ने कहा कि देश के लोकतंत्र और अपने वोट के अधिकार को बचाने के लिए हम जंतर-मंतर पर एक शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे थे। मोदी जी की दिल्ली पुलिस द्वारा हमें जंतर-मंतर से हिरासत में ले लिया है। वहां से दिल्ली पुलिस बर्बरता से आम आदमी पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं को फतेहपुर बेरी थाने में हिरासत में रखा है। मोदी जी, हम आपकी पुलिस से डरने वाले नहीं हैं। वोट का अधिकार बचाने के लिए हम लड़ते रहेंगे। वोट चोरी के खिलाफ लड़ाई जारी रहेगी। चुनाव आयोग में व्यवस्था ठीक करना होगा, ज्ञानेश कुमार को इस्तीफा देना होगा। वोट चोरी नहीं चलेगी।
क्या अब शांतिपूर्ण प्रदर्शन करना भी अपराध हो गया?- संजीव झा
बुराड़ी से ‘‘आप’’ विधायक संजीव झा ने एक्स पर कहा कि जंतर-मंतर पर चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ शांतिपूर्ण प्रदर्शन में शामिल होने पर मुझे गिरफ्तार कर लिया गया। आज गांधी जयंती के दिन, महात्मा गांधी के सत्य, अहिंसा और लोकतांत्रिक मूल्यों को याद करते हुए शांतिपूर्ण प्रदर्शन करना भी क्या अपराध है?
अब देश में हर वर्ग इस तानाशाह सरकार से मुक्ति चाहता है- जरनैल सिंह
तिलक नगर के विधायक जरनैल सिंह ने कहा कि भाजपा चाहे जितनी मर्जी पुलिस तैनात कर ले और जितने मर्जी पहरे बिठा ले, हमें शांतिपूर्ण तरीके से जंतर-मंतर जाकर इस वोट चोर ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा मांगने से कोई नहीं रोक सकता। ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा तो होकर ही रहेगा। उन्होंने कहा कि सुबह से दिल्ली पुलिस की ड्यूटी यह लगा दी गई है कि जो-जो लोग ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा मांगने और शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने के लिए जंतर-मंतर जा रहे हैं, उनके घरों के बाहर पहुंच जाओ और उन्हें जाने से रोको। मेरे घर के बाहर भी दिल्ली पुलिस ने पूरी छावनी बना रखी है और जंतर-मंतर जाने वाले ज्यादातर नेताओं व कार्यकर्ताओं के घरों के बाहर यही हालात हैं।
जरनैल सिंह ने कहा कि अंदर से दिल्ली पुलिस वाले भी यही चाहते हैं कि यह प्रोटेस्ट हो और इस तानाशाह सरकार से इस देश की जान छूटे। अगर कोई जंतर-मंतर आना चाह रहा है, तो वह दाएं-बाएं से रास्ता निकालकर जरूर आ जाएगा। यदि कार से नहीं आ पा रहे हैं तो बाइक से आएं और अगर पुलिस बाइक रोकती है तो पैदल ही चल पड़ें। किसी भी तरीके से पहुंचकर इस वोट चोर ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा हम लेकर रहेंगे।
मोदी जी पुलिस के दम पर भी ज्ञानेश कुमार को नहीं बचा पाएंगे- कुलदीप कुमार
वहीं, कोंडली के विधायक कुलदीप कुमार ने कहा कि ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा लेने के लिए हम जंतर-मंतर पहुंचे हैं। मोदी जी की पुलिस की तमाम रुकावटों के बावजूद हमारी नेता प्रतिपक्ष आतिशी, राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी अनुराग ढांडा, पार्षद अभिषेक तिवारी और हमारे सभी कार्यकर्ता साथी यहां मौजूद हैं। मोदी सरकार की तानाशाही के खिलाफ हमारा जंतर-मंतर पहुंचना इस देश में लोकतंत्र और संविधान को बचाने का आगाज है। देश के लोकतंत्र को बचाने की यह मुहिम ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे से शुरू होगी, इसलिए ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा तो हम लेकर ही रहेंगे। उन्होंने कहा कि पुलिस जिस बदतमीजी से लोगों को वहां से उठा रही है, लाठी मार रही है, डंडे मार रही है, यह बहुत दुखद है। मोदी जी पुलिस के दम पर भी ज्ञानेश कुमार को नहीं बचा पाओगे और ज्ञानेश कुमार नहीं गया तो अगला इस्तीफा आपका होगा।
अब मोदी जी का भी झोला उठाने का समय आ गया है- अनुराग ढांडा
आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी अनुराग ढांडा ने कहा कि बिल्कुल साफ तौर पर पुलिस का डर नजर आ रहा है कि किसी को भी जंतर-मंतर के नजदीक जाते ही तुरंत पकड़ के गिरफ्तार कर रहे हैं। लेकिन लोगों का आना रुक नहीं रहा है। ज्ञानेश कुमार को तो जाना पड़ेगा अब किसी भी हालत में और मुझे ऐसा लगता है कि मोदी का भी झोला उठाने का समय आ गया है।



